कमलेश कुमार मरकाम की रिपोर्ट
बड़ेराजपुर/विश्रामपुरी ~ कोंडागांव जिले के बड़ेराजपुर विकासखंण्ड अंतर्गत ग्राम विश्रामपुरी में आयोजित पारंपरिक मड़ई मेला में शामिल हुए पूर्व विधायक संतराम नेताम। इस अवसर पर उन्होंने देवी- देवताओं की पूजा-अर्चना कर क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर संतराम नेताम ने ग्रामवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मेला-मड़ई छत्तीसगढ़ की समृद्ध परंपरा और संस्कृति की पहचान है।*यह अवसर अपनों से मिलने और संपर्क का माध्यम होता है। इससे हमारी युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति को जानने समझने का मौका मिलता है।**मानव सेवा ही प्रभु सेवा: नेताम।**केशकाल के पूर्व

विधायक संतराम नेताम अपने सादगीपूर्ण अंदाज और जनसेवा के कार्यों के लिए जाने जाते हैं। इसी तारामंय में आज विश्रामपुरी मेले के अवसर पर प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी भीषण गर्मी और उमस के बीच राहगीरों को शरबत व ठंडा जल अपने हाथों से पिलाया। वे अपने कार्यकर्ताओं के साथ स्टाल लगाकर दिन भर लोगों को शर्बत व ठंड पेय पिलाते रहे। इस विषय पर संतराम नेताम ने कहा कि सेवा धर्म हमारी सनातन संस्कृति का अभिन्न अंग है, इसके पालन से पुण्य की प्राप्ति होती है।**सादगी और जनसेवा:* *आपको ज्ञात हो कि संतराम नेताम वीआईपी कल्चर से दूर रहना पसंद करते हैं। उन्हें अक्सर अपने निर्वाचन क्षेत्र में आम लोगों के बीच मिलकर काम

करते देखा जाता है, जैसे कि खेतों में धान की कटाई करना या हल चलाना।सांस्कृतिक सक्रियता: वे आदिवासी संस्कृति और परंपराओं को बढ़ावा देने के लिए जाने जाते हैं और स्थानीय मेलों व उत्सवों में जनसेवक के रूप में उपस्थित रहते हैं।**विश्रामपुरी मेले से जुड़ाव:* *संतराम नेताम विश्रामपुरी क्षेत्र के ही निवासी हैं और वहाँ के सामाजिक कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। इस अवसर पर मुख्य रूप से कोंडागांव जिला पंचायत उपाध्यक्ष हिरासिंह नेताम, कमलेश ठाकुर, रामचरण शोरी, सुकमन नेताम, नारायण नेताम व स्थानीय जनप्रतिनिधि, के पदाधिकारीगण और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।




